प्रसव-पीड़ा जीवन की आवश्यकता: ओशो

प्रसव-पीड़ा जीवन की आवश्यकता: ओशो _______________________ अभी दो—चार साल पहले इंग्लैंड में एक बहुत बड़ा मुकदमा चला। एक फार्मेसी ने, एक दवाइयों को बनाने वाले कारखाने ने एक दवा ईजाद Continue Reading →

जीवक-बुद्ध के डॉक्टर

जीवक-बुद्ध के डॉक्टर बुद्ध के समय जीवक भारत में सबसे मशहूर डॉक्टर थे। ऐसा कहा जाता है की जब उनका जन्म हुआ तब उनकी माता ने उन्हें एक लकड़ी के Continue Reading →

कैसे बने रहें चिरयुवा – जॉर्ज कार्लिन

बढ़ती उम्र पर जॉर्ज कार्लिन की सलाह (अद्भुत संदेश – अंत तक जरूर पढ़ें नहीं तो आप अपने जीवन का एक दिन गवाँ देंगे।) कैसे बने रहें – चिरयुवा 1. Continue Reading →

आधा घंटे की उस उछलकूद से शरीर की ग्रंथियों का विसर्जन ……..

*ग्रंथियों का विसर्जन* सभ्यता ने बहुत दिक्कत पैदा कर दी है। असभ्य आदमी का शरीर हमसे ज्यादा शुद्ध होता है। एक जंगली आदमी का शरीर हमसे बहुत शुद्ध होता है, Continue Reading →

आपके भीतर जो बुनियादी रोग होगा, वही आपको दूसरे लोगों में दिखाई पड़ेगा

मैंने सुना है कि मुल्ला नसरुद्दीन पर एक मुकदमा है;और जज उससे पूछता है, “नसरुद्दीन, तुम शराब पीते हो?’ नसरुद्दीन कहता है, “नहीं, कभी नहीं।’ “तुमने कभी चोरी की है?’ Continue Reading →

मन भ्रामक है–जो होता तो नहीं है पर दिखता है

मन भ्रामक है–जो होता तो नहीं है पर दिखता है 😊 लोग मेरे पास आते हैं और पूछतें हैं, “एक शांत मन को कैसे पाया जाए?” मैं उनसे कहता हूँ, “शांत Continue Reading →

हमारी श्वास हर क्षण, हर पल बदलती रहती है आधुनिक चिकित्साशास्त्र को इसे समझना होगा

तुमने कभी गौर किया, बाएं हाथ का उपयोग करने वाले लोगों को दबा दिया जाता है! अगर कोई बच्चा बाएं हाथ से लिखता है, तो तुरंत पूरा समाज उसके खिलाफ Continue Reading →

।। साक्षी होना ही सुखी होना है ।।

🔴।। साक्षी होना ही सुखी होना है ।। बंगाल में एक हंसोड़ आदमी हुआ : गोपाल भांड। उसके संबंध में बड़ी प्यारी कहानियां है,। एक कहानी तो अति मधुर है। Continue Reading →

सुंदर स्त्रियां बाहर से जितनी सुंदर होती हैं, उतनी भीतर से कुरूप हो जाती हैं। संतुलन रखती हैं।

सुंदर स्त्रियां बाहर से जितनी सुंदर होती हैं, उतनी भीतर से कुरूप हो जाती हैं। संतुलन रखती हैं। अक्सर ऐसा होगा कि सुंदर स्त्री की जबान कड़वी होगी; व्यवहार कठोर Continue Reading →

मुहब्बत का महबूब – खलील जिब्रान / सैन्नी आशेष की कलम से

‘‘तुम्हारे और मेरे बीच का रिश्ता मेरी ज़िंदगी की सबसे ख़ूबसूरत चीज़ है। मैंने अपने किसी भी जन्म में जितनी चीज़ें जानी हैं, उन सबमें यह सबसे अद्भुत रिश्ता है। Continue Reading →