वेदना और विषाद ही अंततः शारीरिक बीमारियों का रूप लेते हैं ……..

पूरे यूरोप में यह धारणा मजबूत हो रही है कि दुनिया को डॉक्टरों से ज्यादा योगियों की जरूरत है योग और ध्यान को भारत की ही तरह यूरोप में भी Continue Reading →

जवान रहना है तो मौन हो जाओ? –आइंस्‍टीन की क्रांतिकारी खोज ..

अल्‍बर्ट आइंस्टीन ने खोज की और निश्‍चित ही यह सही होगी, क्‍योंकि अंतरिक्ष के बारे में इस व्‍यक्‍ति ने बहुत कठोर परिश्रम किया था। उसकी खोज बहुत गजब की है। उसने Continue Reading →

निद्रा की आवश्यकता …..

    मनुष्य-जाति की सभ्यता के विकास में सबसे ज्यादा जिस चीज को हानि पहुंची है वह निद्रा है। जिस दिन से आदमी ने प्रकाश की ईजाद की उसी दिन Continue Reading →

आयुर्वेदिक पाचक मुखवास खुद बनायें

आयुर्वेदिक पाचक मुखवास – बनाने के लिए सामग्री – सौंफ – 100 ग्रा. अजवाइन – 100ग्रा. ज्येष्ठी मध या मुलेठी पावडर – १०० ग्रा. धनिया दाल – १०० ग्रा. छोटी Continue Reading →

बच्चों को रोने से न रोकें….सब तरह का रोना थेराप्यूटिक है। — ओशो Weeping has therapeutic effect …

    बच्चों को रोने से न रोकें…. मनोवैज्ञानिक कहते हैं कि बच्चे के रोने की जो कला है, वह उसके तनाव से मुक्त होने की व्यवस्था है और बच्चे Continue Reading →

वह जिसको हम प्रसव की पीड़ा कहते हैं, वह स्वाभाविक है, वह आवश्यक है, वह होनी ही चाहिए। उसको रोकना खतरनाक है।

अष्‍टावक्र: महागीता अभी दो—चार साल पहले इंग्लैंड में एक बहुत बड़ा मुकदमा चला। एक फार्मेसी ने, एक दवाइयों को बनाने वाले कारखाने ने एक दवा ईजाद की—शामक दवा, जो प्रसव Continue Reading →

यदि बच्चा मिट्टी खाना किसी भी प्रकार से न छोड़ रहा हो तो भांगरा के पत्तों के रस १ चम्मच सुबह शाम पिला देने से मिट्टी खाना तुरंत छोड़ देता है

भृंगराज (भांगरा) घने मुलायम काले केशों के लिए प्रसिद्ध भृंगराज के स्वयंजात शाक १८०० मीटर की ऊंचाई तक आर्द्रभूमि में जलाशयों के समीप बारह मास उगते हैं |सुश्रुत एवं चरक Continue Reading →

अनसुलझा आघात या सदमा (Psychosomatic) – कैंसर का अहम कारक

जर्मनी के शल्य-चिकित्सक और कैंसर विशेषज्ञ डॉ. राइक गीर्ड हेमर (जन्म – 1935) पिछले दस वर्ष से कैंसर के मनोविज्ञान पहलुओं और उपचार पर शोध कर रहे हैं। इन्होंने 40,000 Continue Reading →